जानिए कुछ कार्यों के बारे में जो एकादशी के दिन वर्जित किए गए हैं

जानिए कुछ कार्यों के बारे में जो एकादशी के दिन वर्जित किए गए हैं

Spread the love

हिंदू धर्म में एकादशी तिथि को काफी महत्व दिया गया है ।इस तिथि को सर्वश्रेष्ठ तिथि भी माना जाता है ।इस दिन भगवान विष्णु की पूजा की जाती है ।एकादशी के दिन किए गए पूजा-पाठ और दान का आपको हजार गुना अत्याधिक फल मिलता है लेकिन एकादशी के दिन कुछ ऐसे भी कार्य है जिन्हें करने से आपके किए गए सारे पुण्य समाप्त हो जाएंगे।

एकादशी के दिन भूलकर भी चावल का सेवन ना करें क्योंकि चावल के सेवन के उपरांत मन चंचल हो जाता है और प्रभु की भक्ति से मन हट जाता है ,तथा चावल को एकादशी के दिन कीड़े मकोड़े  के समान माना गया है।

वैसे तो नशीली वस्तु जैसे पान तंबाकू जर्दा सुपारी शराब इत्यादि का सेवन किसी भी दिन नहीं करना चाहिए लेकिन एकादशी के दिन तो नशीले पदार्थों का सेवन कदापि ना करें  क्योंकि ऐसा करने से भगवान विष्णु नाराज हो जाते हैं।

एकादशी के दिन किसी भी प्रकार के पेड़-पौधे या टहनियों को तोड़ना भी वर्जित माना जाता है इसीलिए एकादशी के दिन दातुन करना भी वर्जित है इसी कारण एकादशी के दिन उंगली से ही दातों की सफाई करें।

कार्तिक और सावन मास की एकादशी की रात्रि को सोना नहीं चाहिए अगर संभव हो सके तो पूरी रात्रि  भगवान विष्णु के मूर्ति या तस्वीर के पास बैठकर भजन कीर्तन करना चाहिए और जागरण करना चाहिए,  अगर पूरी रात सम्भव नहीं हो सकता है तो मध्य रात्रि तक तो अवश्य ही करें ।

एकादशी के दिन झूठ बोलना तथा चुगली करना भी वर्जित कार्यों में से एक कार्य है इसीलिए एकादशी के दिन यह कार्य न करें क्योंकि ऐसा करने से मन दूषित हो जाता है और प्रभु की कृपा से आप वर्जित रह जाता है ।

एकादशी के दिन आप क्रोधित भी ना हो,  मन को शांत रखें क्योंकि क्रोध करने से मन में नकारात्मक ऊर्जा  उत्पन्न होती है तथा मन स्थिर भी नहीं रहता है अगर हो सके तो एकादशी के दिन दान पुण्य का काम करें ।

एकादशी के दिन व्रत करने को इतना  महत्वपूर्ण नहीं माना गया है जितना यह महत्वपूर्ण है कि आप एकादशी के दिन ब्रम्हचर्य का अवश्य पालन करें और अपने मन को संयम में रखें ।

एकादशी के दिन  गलती से भी चोरी नहीं करनी चाहिए क्योंकि चोरी करना एक अपराधीक गुण माना गया है यदि आप एकादशी के दिन चोरी करते हैं तो इससे आपके किए गए सारी अच्छे कार्य छिन्न हो जाएंगे ।

एकादशी के दिन एकादशी के दिन आप अपनी वाणी पर संयम बनाए रखें  इस बात का ध्यान रखें कि एकादशी के दिन आप किसी का भी मन दुखाएं, एकादशी के दिन मन कर्म वचन के साथ व्रत करने से आपको एकादशी का पूरा फल मिलेगा ।

Leave a Reply