क्या आपके ऑफिस या घर में बार-बार दुर्घटनाएं हो रही है तो जानिए कुछ उपाय वास्तु अनुसार

अगर आपके घर के उत्तर पूर्व दिशा में टॉयलेट बना हुआ है तो घर में दुर्घटनाएं होने की आशंका बढ़ जाती है ।  इस वास्तु दोष को ख़त्म करने  के लिए आप अपने टॉयलेट के स्थान को परिवर्तित कर सकते हैं, अगर टॉयलेट के स्थान को परिवर्तित करना संभव नहीं है तो आप अपने टॉयलेट में स्फटिक का पत्थर रखें ।
आप अपने घर के उत्तर पूर्व दिशा में घंटी या विंड चिम्स लटकाये । ऐसा माना जाता है, कि घर में विंड चिम्स लगाने से घर का वातावरण संतुलित बना रहता है तथा घर में शांति और आपका मूड पॉजिटिव वे मै चेंज होता है ।
अगर आपके घर के उत्तर दिशा में  भरी अलमारी  रखा हुआ हो या स्टोररूम बना हुआ है तो आपका लगाया हुआ पैसा डूब जाता है । और अगर कोई आप से पैसे उधार में लेता है तो वह आपको पैसे लौटने में भी काफी दिक्कत या देर करेगा, इसका यह कारण है कि यह दिशा वास्तु पुरुष के सर का दिशा है माना जाता है इसलिए इस दिशा को हल्का रखे ।
अगर आपके घर के दक्षिण- पश्चिम या पूरब-दक्षिण दिशा में पानी की टंकी बनी हुई है तो आप अपने पानी की टंकी का स्थान को परिवर्तित कीजिए क्योंकि ऐसा ना करने से घर में दुर्घटना होने की आशंका बढ़ जाती है । अगर आप किसी कारणवश अपनी पानी की टंकी का स्थान परिवर्तित नहीं कर सकते हैं तो आप अपने पानी की टंकी के ढक्कन में लाल रंग करवाएं और आप अपने घर के दक्षिण दिशा में कालेनियन के नौ पत्थर रखें ।
अगर आपके घर के पूर्व दिशा की दीवार टूटी फूटी हो तो इससे आपका मान-सम्मान घटता है । किस वास्तु दोष से बचने के लिए आप अपने घर के पूर्व दिशा की दीवार की मरम्मत करवाएं तथा उस दीवार पर हरा रंग करवाएं और उसी  दिशा की दीवार पर एक उगते हुए सूर्य की तस्वीर लगाएं ।
अगर आपके घर के दक्षिण दिशा की दीवार पर खिड़की बनी हो तो इससे आपके व्यापार में काफी नुकसान होता है । वास्तु दोष से बचने के लिए दक्षिण की दिशा की खिड़की को हमेशा बंद रखें तथा उस खिड़की पर भारी कॉटन का पर्दा लगाएं ।
 उत्तर-पूर्व दिशा वास्तु पुरुष के सर की दिशा मानी जाती है । और ऐसा कहा जाता है कि अगर वह दिशा कटी हुई है तो वास्तु पुरुष का सर कटा हुआ माना जाता है ।  इस वास्तु दोष को खत्म करने के लिए उत्तर पूर्व की दिशा में पीला रंग करवाएं तथा उसी दिशा में लुकिंग ग्लास लगवाएं ।
अगर आपके घर के उत्तर-पश्चिम दिशा में भारी समान रखा हुआ है तो उस दिशा में  सफेद रंग करवाएं तथा वाइट कालेनियन पत्थर रखें ,अगर संभव हो सके तो इस दिशा में एक खूबसूरत सफेद रंग के फूल का पौधे लगाए ।
अगर आपके घर के दक्षिण-पश्चिम की दिशा कटी हुई है तो आपके घर में दुर्घटना घटती होते रहती है । इससे बचने के लिए आप अपने घर के दक्षिण- पश्चिम दिशा में भूरा रंग करवाएं तथा टाइगर स्टोन रखें ।
अगर आपके घर के उत्तर पूर्व दिशा में किचन बनी हुई है तो आपके घर में आग लगने की संभावना बनी रहती है, क्युकी यह दिशा वास्तु पुरुष की मुख की दिशा मानी जाती है । इसलिए आप किस दिशा को किचन के रूप में ना इस्तेमाल करें और अगर आप किचन के रुप में इसे इस्तेमाल कर भी रहे हैं तो किचन में ढेर सारे स्फटिक का पत्थर रखे ।
घर के उत्तर-पूर्व दिशा में भारी पिलर ना बनवाए इससे आपको कोट कचहरी का रास्ता देखना पड़ता है दिशा को हल्का रखें ।

 

नवरात्रि में मां दुर्गा को प्रसन्न करने के कुछ खास और चमत्कारी उपाय

  1. अगर आपके बच्चों का पढ़ने में मन न लगता हो तो नवरात्रि के समय अपने बच्चों के हाथों से कन्याओं को पढ़ने की सामग्री जैसे किताब,कलम,कॉपी इत्यादि दान में दें।
  2. अगर आप कोर्ट कचहरी के चक्कर काट रहे हैं, तो वह नवरात्रि में  क्षत्रियों की कन्याओं को भोजन कराएं।
  3. अगर आपके घर में हमेशा पैसे की कमी बनी रहती है, तो नवरात्रि में बनिया की कन्याओं को भोजन कराएं।
  4. मां दुर्गा को लाल रंग अत्यधिक पसंद  है। इसलिए नवरात्रि में मां दुर्गा को लाल रंग के कपड़े तथा चुनरी अर्पण करें।
  5. नवरात्रि में कुछ काम वर्जित किए गए हैं जैसे कि लहसुन प्याज ना खाएं, बाल ना कटवाएं तथा कैची का प्रयोग ना करें।
  6. सुबह शाम घर के मंदिर में मां दुर्गा का पाठ करें।
  7. नवरात्रि में अगर कुमारी कन्या आपके घर आती है ,तो उसे खाली हाथ कभी विदा ना करें।
  8. नवरात्रि में मां दुर्गा के समक्ष अखंड दीप जलाएं से मां दुर्गा प्रसन्न होती है
  9. अष्टमी तथा नवमी तिथि को कन्याओं को घर में बुलाकर भोजन कराएं और इस बात का ध्यान रखे  की सारी कन्या नव वर्ष से काम आयु की हो। कन्याओं को वस्त्र में  रुमाल तथा लाल चुनरी अवश्य दें।

घर मैं लक्ष्मी आने के कुछ अचूक उपाय

  1. हर पूर्णिमा के दिन सुबह पीपल के वृक्ष में जल चढ़ाएं।
  2. हर गुरुवार को तुलसी के पौधे में थोड़े जल में दूध मिलाकर चढ़ाएं इससे लक्ष्मी माता प्रसन्न होती है।
  3. एकादशी के दिन लक्ष्मी माता के सम्मुख ९ शुद्ध घी के दीपक जलाएं।
  4. कुछ ताम्बे के सिक्कों को लीजिए और फिर उसे लाल कपड़े में बांध कर, उसे लक्ष्मी माता के सम्मुख रखकर उसका पूजन कर लीजिए या लक्ष्मी मंत्र से आमंत्रित कर लीजिए, फिर उसे घर के मुख्य द्वार पर टांग दीजिए।
  5. शनिवार के दिन काली गाय, काला कुत्ता या कौआ को रोटी खिलाएं इससे भी लक्ष्मी माता प्रसन्न होती है।
  6. लक्ष्मी जी को प्रसन्न करने का यह बड़ा ही प्रसिद्ध उपाय है। 21 शुक्रवार को लक्ष्मी जी का पूजन करें साथ ही व्रत रखें पूजन समाप्ति के बाद 1 साल से कम उम्र की कन्याओं को मिश्री या खीर खिलाएं पूजन के समय लक्ष्मी माता को लाल फूल तथा अनार अर्पित करें।
  7. हर शनिवार को घर अवश्य साफ करें, साफ करने के उपरांत घर में धूप,अगरबत्ती जलाएं और पूजन करें।
  8. हर शनिवार को घर को अवश्य साफ करें साफ करने के उपरांत घर में धूप,अगरबत्ती जलाएं और पूजन करें।

पितृदोष मिटाने के कुछ अचूक उपाय खासतौर पर उन लोगों के लिए जिन्होंने पितृपक्ष में पितरों की पूजा ना की हो

जिन लोगों ने पितृपक्ष में पितरों की पूजा ना की हो वह अमावस्या के दिन पितृ पूजन कर सकते हैं इससे पितर और देव दोनों प्रसन्न होते हैं
अमावस्या के दिन एक स्टील के लोटे में काले तिल,सफेद तिल,जौ, दूध और सफेद मिठाई चढ़ाएं । और मंत्र बोले  “ऊँ नमः भगवते वासुदेवाय नमः”,” ॐ  पित्रय  नमः” दोनों मंत्रों का उच्चारण करें इससे देवता और पितर दोनों ही प्रसन्न होते हैं ।  लोटे में भरी साड़ी सामग्रियों को पीपल के पेड़ पर चढ़ा दें । साड़ी सामग्रियों को पीपल के पेड़ पर चढने के बाद पीपल के पेड़ के सात बार परिक्रमा करें ,और बोले कि है “देव पितृ हमारे परिवार और हमारे घर पर सदा अपनी कृपा बनाए रखें” और अंत में अपनी सारी गलतियों की क्षमा मांगे
 यह काम आप अमावस्या के दिन कभी भी कर सकते हैं ।
पूजन के बाद एक पंडित को खाना खिलाए ।

घर खरीदते समय कुछ वास्तु संबंधित बातों का ध्यान रखें

  1. अगर आपको कोइ सा घर खरीदने जा रहे हैं जो काफी दिनों से बंद है तो घर में रहने जाने से पहले उस घर में काफी सारी हरे भरे पौधे लगा दें ऐसा करने से घर की सारी नकारात्मक उर्जा ख़त्म हो जाएगी ।
  2. जिस घर को आप खरीदने जा रहे हो उस घर की सारी दिशाओं को अच्छे से जान ले फिर घर खरीदें ।
  3. घर खरीदते समय इस बात का ध्यान रखें की  घर के बाहर  किसी भी प्रकार का कोई बड़ा रोड ना बना हो अगर ऐसा है तो यह एक प्रकार का वास्तु दोष माना चाहता है और इस वास्तु दोष को खतम करने के लिए घर के आगे एक अशोक का पेड़ लगाएं ।
  4. घर के सामने अगर किसी प्रकार का  धार्मिक स्थान हो तो जैसे कि मंदिर मस्जिद गुरुद्वारा तो घर के घर के आगे तुलसी का  पौधा लगाएं ।
  5. घर यदि आप किसी गली या सड़क के पास ले रहे हैं तो इस बात का ध्यान रखें कि घर  गली या सड़क के अंत में ना हो और अगर ऐसा है तो घर के ऊपर फोकस लाइट लगाएं ।
  6. घर के उत्तर पूर्व दिशा में टॉयलेट न बनवाएं अगर ऐसा है तो टॉयलेट में समुंद्री नमक रखें ।
  7. घर खरीदते समय इस बात का ध्यान रखें कि घर का किचन दक्षिण पूर्व दिशा में हो इससे घर में खुशियां आती हैं और खाना बनाते समय भी मुख पूरब की तरफ हो ।
  8. घर खरीदते समय इस बात का ध्यान रखें कि आप अपना बेडरूम दक्षिण या दक्षिण पूर्व की दिशा में बनवाएं इससे मन में सुख और शांति बनी रहती है और अगर ऐसा मुमकिन नहीं है तो बेडरूम में टाइगर स्टोन रखें ।
  9. घर में पौधे जरूर लगाएं क्योंकि इससे घर में थोड़ी मिट्टी रहती है जिससे वास्तुपुरुष खुश रहते हैं ।
  10. अगर आप किसी प्रकार का जमीन खरीदने जा रहे हैं तो इस बात का पता लगाना कि वह जमीन कैसी है , इसका एक अचूक उपाय है, आप एक गाय को लाए और उस जमीन पर बांधे अगर गाय खुशी-खुशी उस जमीन पर रहती है तो वह जमीन अच्छी है अगर गाय उदास रहती  है तो समझ लीजिए वह जमीन पर नकारात्मक चीजों का वापस है ।

वास्तुपुरुष क्या है और क्यों सभी लोग वास्तु पुरुष के अनुसारी घर बनवाना चाहते हैं जानिए

वास्तु पुरुष की उत्पत्ति भगवान शिव के पसीने से हुई है। वास्तुपुरुष में कुल 64 देवी देवताओं का वास होता है।

वास्तु पुरुष का सर उत्तर पूर्व की दिशा में होता है,और इसी वजह से कभी भी उत्तर पूर्व की दिशा में टॉयलेट या किचन ना बनवाएं ।
वास्तु पुरुष का पैर दक्षिण पश्चिम दिशा में होता है ,इसीलिए दक्षिण पश्चिम की दिशा में भारी सामान रखे इससे वास्तु पुरुष का पैर जमा रहता है इसीलिए दक्षिण पश्चिम की दिशा में ब्राउन कलर करवाना चाहिए ।
वास्तु पुरुष के बीच में नाभि होता है और उस स्थान को ब्रह्म स्थान माना जाता है । उस स्थान को हल कर रखना चाहिए ,वहां किसी भी प्रकार का भारी समान ना रखें
प्लोट या जमीन का आकार वर्गाकार या आयताकार होना चाहिए । प्लॉट की  उत्तर पूर्व और दक्षिण पश्चिम की दिशा कटी हुई नहीं होनी चाहिए ,अगर ऐसा है तो इसे अशुभ माना जाता है और ऐसी मान्यता है कि वैसी जमीन पर वास्तु पुरुष का सर और पैर कटा हुआ होता है
वास्तुपुरुष के अनुसार उत्तर पूर्व की दिशा को थोड़ा नीचे रखें किसी दिशा में अंडरग्राउंड रूम बनाना चाहिए ।
भूमि पूजन उत्तर पूर्व की दिशा में ही करना चाहिए इससे वास्तु पुरुष प्रसन्न में रहते हैं ।
घर में उत्तर पूर्व की दिशा में थोड़ा स्थान छोड़कर ही समान रखना चाहिए  क्योंकि उत्तर पूर्व की दिशा में वास्तु पुरुष का चेहरा होता है ।
घर में हरे-भरे पौधे लगाए ,कटेवा कांटेदार पौधे ना लगाएं ।हरे-भरे पौधों से वास्तुपुरुष खुश रहते हैं।
घर में आंवले तथा तुलसी का पौधा जरुर लगाएं इसे वास्तु पुरुष खुश रहते हैं ।
वास्तुपुरुष  हमेशा  तथास्तु  तथास्तु  बोलते  रहते  इसीलिए अपने मुख से कभी भी गलत बात नहीं बोलनी चाहिए ।

वास्तु अनुसार घड़ी किस दिशा में लगाएं जिससे आपकी किस्मत और आपका समय दोनों बदल जाए

  1. घड़ी को उत्तर या पूर्व की दिशा में लगाएं क्योंकि वास्तु अनुसार यह दिशा शुभ माना जाता है  घड़ियों लगाने के लिए ।
  2. बंद घड़ियों  का इस्तेमाल घर में ना करें क्योंकि इससे आपका बनता हुआ काम भी रुक जाता है ।
  3. पुराने जमाने की घड़ियों का इस्तेमाल ना करें हो सके तो ऐसी घड़ियों का इस्तेमाल करें जिसमें दौड़ते हुए घोड़े का चित्र बना हुआ हो इसे आपका काम कभी भी रुकेगा नहीं ।
  4. लाल तथा काले रंग की घड़ी का इस्तेमाल ना करें वास्तु अनुसार ऐसा माना जाता है कि बार-बार लाल तथा काले रंग की घड़ी को देखने से गुस्सा आता है ।
  5. पूर्व की दीवार पर पेंडुलम वाली घड़ी का इस्तेमाल करें इससे मान-सम्मान बढ़ता है घड़ियों का कलर पीला हरा लेमन कलर का होता है तो इसे बहुत अच्छा माना जाता है ।
  6. दरवाजे तथा बेड के ऊपर घड़ियों को लगाना शुभ नहीं माना जाता है ऐसा माना जाता है कि इससे तबीयत में खराब रहती है ।
  7. दक्षिण की दिशा में घड़ियों का इस्तेमाल ना करें इसे आपको आपके काम का फल नहीं मिलेगा ।
  8. टेबल घड़ी के सामने कभी भी अचार या दवाई ना रखे इसे शुभ नहीं माना जाता है ।
  9. हाथ की घड़ी भी उत्तर-पूर्व में ही उतार कर रखें  हाथो की घड़ी पहनते समय इस बात का ध्यान रखें कि जिस तरफ की नाक के स्वर चल रही हो उसी तरफ की हाथ में घड़ी पहने  ऐसा करने से जिस काम के लिए आप घर से बाहर जा रहे हैं वह काम बन जाएगा ।
  10. घड़ी के पीछे सफाई बनाए रखें तरह का जाला यह दिल ना लगा हो हो सके तो घड़ी के पीछे स्वास्तिक का निशान बना दे इससे व्यापार में नुकसान नहीं होता है  ।

वास्तु अनुसार कौन सी चीज कहां और किस दिशा में रखें

  1. पर्स को कभी भी खुला ना छोड़ें और उसे दक्षिण पश्चिम की दिशा में रखें और पैसों को कभी भी फोल्ड करके ना रखें।
  2. घर की तिजोरी की चाबी और घर की चाभियों मैं मोली बांधकर रखें या स्फटिक स्टोन में बांधकर उत्तर की दिशा में रखें।
  3. किसी भी तरह की तस्वीर सीढ़ी के नीचे या टॉयलेट की दीवार पर ना लगा क्योंकि यह शुभ नहीं माना जाता है।
  4. किचन में हर रात को कपूर जलाएं और बृहस्पतिवार को तो यह जरूर करें इससे लक्ष्मी आती है ,और राशन की सामान में केसर डालकर रखें इससे इससे घर में बरक्कत आती है।
  5. तिजोरी को घर के दक्षिण पश्चिम के कोने में रखें और तिजोरी में स्वास्तिक बनाएं, पीली कौड़ी और गोमती चक्र भी रखें इससे लक्ष्मी माता प्रसन्न होती हैं।
  6. घर के मंदिर का स्थान हमेशा ईशान कोण में होना चाहिए और इस बात का ध्यान रखे कि मूर्ति के ऊपर मूर्ति ना रखें।
  7. पश्चिम दिशा में जूते चप्पल रखने का स्थान बनाए और इस बात का ध्यान रखें कि दरवाजे के पीछे किसी भी तरह का जूता चप्पल ना रखे , जूता चप्पल रखने के लिए एक अलग से अलमारी बनवा ले और उसे ढक कर रखें।
  8. झाड़ू पोछा को दक्षिण की दिशा में रखें और उसे सीढ़ियों के नीचे ना रखें , झाडू पोछे को कभी भी पैर ना लगाए इसलिए लक्ष्मी जी नाराज हो जाती है।
  9. एशि या कूलर को अपने घर के दक्षिण पूर्व दिशा में ना लगाएं, और अगर आप एशि या  कूलर को दक्षिण पूर्व की दिशा में रख रहे हैं तो दक्षिण दिशा की में लाल रंग करवाएं।
  10. घर में दवाइयां दक्षिण की दिशा में रखें दवाइयों के डिब्बों को बंद रखें ,दवाइयों के डिब्बे को खुले रखने से ऐसा माना चाहते क्या बीमारियों को निमंत्रण दे रहे हैं।

 

वास्तु अनुसार पाए अपने क्रोध पर काबू

बेडरूम  कभी भी दक्षिण-पूर्व दिशा में ना बनवाएं यह अग्नि कोण माना जाता है अगर ऐसा है तो अपने बेडरूम का कलर लाइट ग्रीन  करवाएं और रोज क्रिस्टल का 2 बॉल अपने रूम में रखें
अपने घर के उत्तर पूर्व दिशा में कभी भी ज्यादा समान न रखे ना ही  किसी तरह का कोई भरी सामान
किचन में गैस के बाएं ओर पानी रखें  दाई ओर पानी रखने से झगड़ा होता है आप पानी का स्थान परिवर्तन नहीं कर सकते हैं तो इसका एक ही उपाय है आप वहां पर बाएं ओर  मिट्टी का गमला रखें
दक्षिण की ओर मुंह करके खाना बनाने से गुस्सा आता है क्योंकि दक्षिण की दिशा खाना बनाने के लिए शुभ नहीं माना जाता है
दक्षिण-पूर्व की दिशा में पानी की टंकी ना रखें क्योंकि यह अग्नि कोण माना जाता है
बीम के नीचे बैठना या सोना  नहीं चाहिए  क्योंकि छत का सारा भार बीम में ही होता है घर में  लड़ाई- झगड़े का माहौल बना रहता है
मेन डोर के सामने ही अगर बेड लगा हुआ है तो आपको इससे भी गुस्सा आता है
घर में देवी-देवताओं के पीछे जाला नहीं होना चाहिए, देवी देवता रखने के स्थान को साफ भी रखें क्योंकि अगर वह स्थान साफ नहीं रहेगा तो नकारमत ऊर्जा आती है
अपने मुंह कर कर कभी भी पानी ना पिए इससे काफी गुस्सा आता है उतर-पूर्व ओर मुंह करके पानी पिए और पानी कभी भी खड़े होकर ना पिए उसे बैठकर आराम से पिया
जब भी आपको काफी गुस्सा आए तो ज्ञान मुद्रा आसन करें इसे गुस्सा आना कम हो जाता है
किसी भी प्रकार के लाल कपड़े प्रयोग न करे इसे भी  गुस्सा आता  है

पितरों को प्रसन्न करने के कुछ अचूक उपाय

ऐसा माना जाता है कि पितरों के प्रसन्न रहने पर धन की कभी भी  कमी नहीं होती है
हर सोमवार को 1 किलो चावल मंदिर लेकर जाएं और एक मुट्ठी चावल शिवलिंग के ऊपर चढ़ा दें और बाकी बचा हुआ चावल गरीबो में दान दे, ऐसा लगातार 5 सोमवार करने से ही आपकी धन की कमी दूर हो जाएगी
अगर आप नौकरी चाहते हैं या नौकरी में तरक्की पाने की चाहत रखते हो तो मीठा चावल बना कर कौआ को खिलाएं इससे पितरों प्रसन्न होते हैं और पितरदोष भी कट जाता है
पितरदोष को पूरी तरह मिटाने के लिए को अमावस्या के दिन कौआ को मीठी रोटियां या मीठी चावल खिलाएं यह काम सुबह-सुबह करें, शाम या दोपहर के समय ना करे
पितर जाते-जाते प्रसन्न रहें इसके लिए आप अपने दरवाजे पर एक दीपक जलाएं और तथा खाने के लिए भी वहां पर कुछ रख दें इसे पितर के जाते समय उनके रास्ते में रोशनी बनी रहती है तथा उन्हें भूख भी नहीं लगती है
अपने पितरों की तस्वीर दक्षिण दिशा में लगाएं अपने पितरों की तस्वीर पर हार चढ़ाएं और दीपक जला कर आरती करें  इसे पितरदोष में मुक्ति मिलेगी
एक खाना अपने पूर्वजों के मनपसंद का बनवाए और वह खाना पंडितों तथा गरीबों को खिलाएं, इससे पितर  प्रसन्न होंगे और आशीर्वाद देकर जाएंगे
अपनी समर्थ अनुसार गरीबों को खाना खिलाएं और कपड़ों का वितरण करें इससे भी इससे भी पितर प्रसन्न होते हैं